अमेरिका ने सबसे जघन्य मानवाधिकार हनन के अपराधियों को ज़िम्मेदार ठहराने में दुनिया का नेतृत्व किया है। न्यूरेमबर्ग मुक़दमे से लेकर, जातीय संहार के खिलाफ़ 1948 की संधि के सृजन, तथा इराक़ और सीरिया में यज़ीदियों, ईसाइयों, और अन्य धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ़ आइसिस के हालिया जातीय संहार के अभिनिश्चय तक, अमेरिकियों ने दुष्टों द्वारा चुप करा दिए गए लोगों को स्वर दिया है, और हम सच्चाई, क़ानून के शासन एवं न्याय की मांग करने वालों के साथ खड़े हुए हैं। हम ये सब इसलिए नहीं करते कि हम किसी अंतरराष्ट्रीय अदालत, बहुपक्षीय संस्था या घरेलू राजनीतिक बाध्यताओं के कारण ऐसा करने को मजबूर हैं। हम ये सब इसलिए करते हैं क्योंकि ऐसा करना सही है।
13 जनवरी को, अमेरिकी विदेश विभाग ने महिला वैश्विक विकास और समृद्धि (डब्ल्यू-जीडीपी) पहल की 2020 की वार्षिक रिपोर्ट जारी की। इस रिपोर्ट में बताया गया है कि कैसे महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए संपूर्ण-सरकार स्तर के इस पहले प्रयास ने अपने पहले दो वर्षों में दुनिया भर में 24 मिलियन से अधिक महिलाओं तक पहुंचने में सफल रहा। इन लाभार्थियों पर अमेरिकी सरकार के कार्यक्रमों और साझेदारियों का सीधा प्रभाव पड़ा।
निम्नांकित बयान का पाठ अमेरिका और भारत की सरकारों ने जारी किया है।
अमेरिका इराक़ में कुर्दिस्तान क्षेत्र के सुरक्षा अधिकारियों पर आतंकवादी संगठन पीकेके के कल के हमलों की कड़ी निंदा करता है।
यूरोप में सुरक्षा और सहयोग के संगठन (ओएससीई) की 5 नवंबर को जारी बेलारूस संबंधी मॉस्को मैकेनिज़्म रिपोर्ट में बेलारूसी अधिकारियों द्वारा 9 अगस्त के धोखाधड़ीपूर्ण चुनाव के दौरान और उसके बाद लगातार मानवाधिकारों के हनन तथा बड़े स्तर पर और बेख़ौफ़ होकर किए गए दुर्व्यवहारों का ब्यौरा दिया गया है। शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों, विपक्षी कार्यकर्ताओं और पत्रकारों के खिलाफ दुर्व्यवहारों में यातना, मनमाने ढंग से हिरासत में लिया जाना, तथा अभिव्यक्ति, संगठित होने और शांतिपूर्ण सभा करने की स्वतंत्रता को सीमित करने की कार्रवाई शामिल हैं।
विदेश मंत्री माइकल आर. पोम्पियो ने नई दिल्ली, भारत में अमेरिका-भारत 2+2 मंत्रिस्तरीय संवाद से पहले आज भारतीय विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से मुलाक़ात की।
अमेरिका और भारत ने ‘सेरा वीक इंडिया एनर्जी फ़ोरम’ के दौरान 26 अक्टूबर को अमेरिका-भारत स्वच्छ ऊर्जा वित्त टास्क फ़ोर्स की उच्चस्तरीय उद्योग गोलमेज़ बैठक का वर्चुअल आयोजन किया। गोलमेज़ बैठक में फ़्लेक्सिबल रिसोर्सेज़ इनिशिएटिव (एफ़आरआई या ‘फ़्री’) पर ध्यान केंद्रित किया गया, जो साल भर पहले इसी महीने नई दिल्ली में शुरू की गई थी। एफ़आरआई अगले दशक में ऊर्जा संबंधी परिवर्तनों के वास्ते भारत की बिजली व्यवस्था में लचीलापन सुनिश्चित करने के लिए किफ़ायती रणनीति विकसित करती है, साथ ही विश्वसनीय ढंग से बिजली की बढ़ती मांग को भी पूरा करती है।
विदेश मंत्री माइकल आर. पोम्पियो 25 से 30 अक्टूबर के बीच नई दिल्ली, भारत; कोलंबो, श्रीलंका; माले, मालदीव; और जकार्ता, इंडोनेशिया की यात्रा करेंगे।
न्याय विभाग (डीओजे) और संघीय जांच ब्यूरो (एफ़बीआई) द्वारा रूसी जनरल स्टाफ़ मेन इंटेलिजेंस डायरेक्टोरेट (जीआरयू) की सैन्य इकाई 74455 के छह अधिकारियों पर आपराधिक अभियोग लगाने की आज की घोषणा एक बार फिर साइबर स्पेस में रूस की निरंतर व्यवधानकारी, विध्वंसकारी और अस्थिरकारी गतिविधियों को उजागर करती है।
अमेरिका ने आज अल क़ायदा के अभियानों को मध्य पूर्व और पूरी दुनिया में मदद करने वाले वित्तीय एवं व्यवस्था संबंधी नेटवर्क को बाधित करने का काम जारी रखते हुए उसे वित्तीय सुविधा